अक्षय कुमार ने वैसे तो एक के बाद में एक हीट फिल्में दी है लेकिन जब बात उनकी फिल्मों की होती है तो सबकी जुबान पर हेरा फेरी का नाम ही आता है। डायरेक्टर प्रियदर्शन की ये फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सुपरहिट रही थी और कॉमेडी की एक कल्ट मानी जाती है। लेकिन कम ही लोग जानते है कि ये फिल्म सीन टू सीन कॉफी है। इसका खुलासा फिल्म के डायरेक्टर प्रियदर्शन ने हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में किया है।
क्यों नहीं चलती हिंदी रीमेक फिल्में
हाल ही में डायरेक्टर प्रियदर्शन ने पिंकविला को दिए इंटरव्यू में इसका खुलासा किया है जिसमे कहा गया है कि फिल्म कैसे सीन टू सीन कॉपी है, प्रियदर्शन बताते हैं, ‘मैं कभी भी अभिनेता को मूल फिल्म नहीं दिखाता… मैंने यह गलती कई बार की जब मैं मलयालम फिल्मों का तेलुगु में रीमेक बना रहा था, मैंने अभिनेताओं को मोहनलाल की फिल्में दिखाईं और उन्होंने उनकी नकल करने की कोशिश की।’ फिल्म निर्माता ने यह भी बताया कि साउथ से हिंदी में बनी कई रीमेक फिल्में बॉक्स ऑफिस पर क्यों संघर्ष करती हैं। उन्होंने बताया कि इनमें से 90 % फिल्में ऐसी होती है जो फ्लॉप साबित होती है जिनका हिंदी में रीमेक नहीं बनाया जा सकता है वही दक्षिण की फिल्मों की जैसी ही लगती है वे हिंदी फिल्मों जैसी नहीं होती है।
सीन टू सीन कॉपी है हेरा फेरी
प्रियदर्शन का कहना है वह सभी फिल्म को पूरी तरह से कॉपी नहीं करते है लेकिन हेरा फेरी एक अपवाद है प्रियदर्शन ने बताया कि मैं कभी भी एक ही फिल्म की नकल नहीं करता हूँ सिवाय उस एक फिल्म के जिसे फ्रेम-टू-फ्रेम बनाया गया था, बिल्कुल मूल फिल्म के समान, वह थी हेरा फेरी। उस फिल्म के संवाद हिंदी में किसी ने नहीं लिखे थे, वे सभी अनुवादित हैं।’ यह कल्ट कॉमेडी सिद्दीकी-लाल द्वारा निर्देशित 1989 की मलयालम हिट रामजी राव स्पीकिंग पर आधारित थी।







