देश में त्योहारों की धूम शुरू हो गयी है। इस हफ्ते करवा चौथ का व्रत रखा जाएगा। वही इस दिन सभी शादीशुदा महिलाएँ उपवास रखती है। इस व्रत में व्रत में पत्नियां, पति की लंबी उम्र और रिश्ते में प्यार को बढ़ाने का आशीर्वाद मांगती है। जैसा की सभी जानते हैं, करवा चौथ एक निर्जल उपवास है। इसमें चांद निकलने से पहले पानी भी नहीं पिया जाता है, ऐसे में लंबे समय तक बिन खाएं-पिएं रहना सेहत के लिए अच्छा नहीं है। मगर हिंदू शास्त्रों में उपवास में खाने-पीने की अनुमति नहीं होती है, खासतौर पर करवा चौथ के व्रत में तो इस मान्यता पर ज्यादा जोर दिया जाता है। आपका व्रत सेहतमंद तरीके से पूरा हो जाए, ऐसी कामना करते हुए हम आपको 5 ऐसी टिप्स दे रहे हैं, जो हर महिला के काम आएगी।
करवा चौथ के लिए हेल्दी टिप्स
सही मात्रा में पिए पानी
कुछ महिलाएँ उपवास के दिन पहले ही ज्यादा मात्रा में पानी पीना शुरू कर देती है जो सही नहीं है। ऐसा करने से से आपको अगले दिन यानी करवा चौथ पर बार-बार पेशाब आने से डिहाइड्रेशन हो सकती है। इसलिए, आप व्रत से एक दिन पहले हल्का भोजन करें तथा वाटर बेस्ड फ्रूट्स खाएं। आप 1 दिन पहले जलेबी खा सकती हैं।
सरगी में हेल्दी चीजें खाएं
सरगी की थाली में मिठाई, मठरी और तली-भुनी चीजें होती हैं। लेकिन ये चीजें पेट में गड़बड़ी कर सकती है, इन्हें खाने से आपको अगले दिन प्यास लग सकती है। सरगी में पराठे, चाय और चिप्स जैसी चीजों को भी शामिल कर सकते है। आप इस थाली में ल्दी फूड्स जैसे- सूखे मेवे, फल और दूध जैसी चीजें शामिल कर सकती है।
व्रत तोड़ने के बाद क्या खाएं?
करवा चौथ पर अक्सर पति-पत्नी चांद देखने के बाद खाना खाने बाहर जाते हैं या बाहर का खाना घर पर मंगवा कर खाते हैं लेकिन ऐसा करना सही नहीं है। उपवास रखने से पेट का तापमान बदल जाता है, ऐसे में आप बाहर का मसालेदार खाना खाते हैं तो पाचन बिगड़ सकता है। इससे मेटाबॉलिज्म पर भी असर पड़ता है। उस दिन घर पर ही कुछ स्वादिष्ट और सेहतमंद खाना पकाए और उसे खाकर व्रत तोड़ें।
दूसरों से प्रभावित होने से बचें
पति-पत्नी का रिश्ता बहुत खास होता है। कोई भी उपवास या पूजा पाठ करे कि दो लोगों का रिश्ता कैसा होगा। पत्नियां, कई बार अपने पतियों से तोहफे या अन्य चीजें करने की अपेक्षा रखती हैं क्योंकि वो दूसरे शादीशुदा जोड़ों से प्रभावित होती हैं। ऐसा कभी न सोचे, हो सकता है आपके पति की फाइनेंशियल हालत उस वक्त सही ना हों। इसलिए, ऐसी बातों को व्रत के बीच कभी ना आने दे।







